Greater Noida Integrated Industrial Township MMLH MMTH

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केंद्र सरकार के एक फैसले की बदौलत ग्रेटर नोएडा के तीन प्रोजेक्ट्स डेवेलपमेंट की दौड़ में काफी आगे आ गए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इन तीन प्रोजेक्ट्स को हाल ही में लॉन्च की गई गति शक्ति योजना से जोड़ने का ऐलान किया है. ये तीन प्रोजेक्ट्स हैं. इंटीग्रेटेड टाउनशिप, मल्टी मोडल ट्रांसपोर्ट हब और मल्टी मोडल लॉजिस्टिक हब.

इन तीनों योजनाओं को जेवर एयरपोर्ट से जोड़ने की प्लानिंग कर ली गई है. ये तीनों प्रोजेक्ट इंटर कनेक्टेड होंगे. इनको एयरपोर्ट से जोड़ने के लिए लॉजिस्टिक हब को जीटी रोड से जोड़ने की प्लानिंग है. इसके लिए लॉजिस्टिक हब के पास जीटी रोड पर करीब 2.5 किलोमीटर रास्ते को चौड़ा किया जाएगा. इसे दो लेन से छह लेन का बनाने का प्रस्ताव है.

ग्रेटर नोएडा की इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप देश की सबसे स्मार्ट टाउनशिप्स में से एक है. इसे जेवर एयरपोर्ट से जोड़ने पर मल्टी मोडल ट्रांसपोर्ट हब और मल्टीमोडल लॉजिस्टिक हब भी जेवर एयरपोर्ट से जुड़ जाएंगे. इन तीनों प्रोजेक्ट्स के लिए डीएमआईसी-आईआईटीजीएनएल ने एक प्लान बनाया है. जिस पर जल्द ही काम शुरू होने वाला है.

आईआईटी जीएनएल के सीईओ नरेंद्र भूषण के मुताबिक़, इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप, मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब और मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब के डेवेलप होने से करीब दो लाख युवाओं को सीधे रोजगार के मौके मिलेंगे.

मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब और लॉजिस्टिक हब की डीपीआर यूपी सरकार को भेजी गई है. डीपीआर मंजूर होते ही टेंडर निकाला जाएगा और काम शुरू कराया जाएगा. टारगेट है कि अगले तीन साल में ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक हब डेवेलप कर दिया जाए.

ग्रेटर नोएडा के बोड़ाकी के पास प्रपोज्ड मल्टी मॉडल ट्रांसपोर्ट हब और मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब के लिए आठ गांवों, दादरी, जुनपत, चिटेहरा, कठहेड़ा, पल्ला, पाली, बोड़ाकी और थापा खेड़ा की जमीन ली जा रही है.

अफसरों के मुताबिक उत्तर प्रदेश वेयरहाउसिंग और लॉजिस्टिक पॉलिसी घोषित करने वाले प्रमुख राज्यों में से एक है. इस पॉलिसी के ज़रिए राज्य सरकार ने लॉजिस्टिक्स सेक्टर को इंडस्ट्री का दर्जा दे दिया है. राज्य सरकार ने राज्य में लॉजिस्टिक्स उद्योग के लिए व्यवसाय करने की लागत कम कर दी है, जिससे यूपी को उत्तर भारत में प्रमुख लॉजिस्टिक्स केंद्र के रूप में उभरने में सहायता मिलती है.

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